रिपोर्ट :- अजय रावत
गाजियाबाद :- महर्षि कश्यप जयंती के अवसर पर 5 अप्रैल को शहर के घंटाघर स्थित रामलीला मैदान में भव्य महर्षि कश्यप महाकुंभ का आयोजन किया जाएगा। इस विशाल कार्यक्रम का आयोजन उत्तर प्रदेश सरकार के स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री एवं कश्यप निषाद समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेंद्र कश्यप के नेतृत्व में किया जा रहा है।इस महाकुंभ में उत्तर प्रदेश सरकार के दोनों उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और बृजेश पाठक मुख्य अतिथि और मुख्य वक्ता के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम में स्वागत अध्यक्ष की भूमिका स्वयं मंत्री नरेंद्र कश्यप निभाएंगे।
प्रदेश और एनसीआर से जुटेगा समाज
आयोजन में दिल्ली-एनसीआर सहित उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों से कश्यप निषाद समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आमजन भागीदारी करेंगे। आयोजकों के अनुसार, यह कार्यक्रम सामाजिक एकता और सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने का एक बड़ा मंच बन चुका है, जिसमें हजारों की संख्या में लोगों के पहुंचने की उम्मीद है।
महर्षि कश्यप के विचारों पर चलने का संकल्प
महाकुंभ के दौरान महर्षि कश्यप के जीवन, उनके आदर्शों और प्रेरक प्रसंगों पर चर्चा की जाएगी। समाज के लोगों को उनके विचारों को जीवन में उतारने, शिक्षा को बढ़ावा देने और संगठित होकर आगे बढ़ने का संदेश दिया जाएगा। विशेष रूप से युवाओं को जागरूक करने और समाज को नई दिशा देने पर जोर रहेगा।
महिलाओं और हर वर्ग की होगी भागीदारी
कार्यक्रम में महिलाओं, बुजुर्गों और समाज के सभी वर्गों की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। गाजियाबाद सहित आसपास के जिलों से संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल होंगे। तैयारियां अंतिम चरण में, सुरक्षा और पार्किंग पर विशेष ध्यान मंत्री के मीडिया प्रभारी सौरभ जायसवाल ने जानकारी दी कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। रामलीला मैदान में बड़े स्तर पर पंडाल और बैठने की व्यवस्था की जा रही है, जिसमें हजारों लोगों के बैठने की क्षमता होगी। इसके साथ ही सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक नियंत्रण और पार्किंग की सुविधाओं को लेकर प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है, ताकि कार्यक्रम में आने वाले लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
कार्यक्रम बना प्रदेश की पहचान
मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि महर्षि कश्यप महाकुंभ अब पश्चिम उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश और देश में अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। उन्होंने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य समाज को एकजुट करना, युवा पीढ़ी को शिक्षा और संस्कारों के प्रति जागरूक करना और महर्षि कश्यप के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाना है।
उन्होंने सभी समाज के लोगों से इस महाकुंभ में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर इसे सफल बनाने की अपील की है।