रिपोर्ट :- विकास शर्मा
हरिद्वार :- तीर्थ नगरी हरिद्वार में यात्रा सीजन के दौरान सड़क सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग और पुलिस प्रशासन लगातार सख्त रुख अपनाए हुए हैं। इसी क्रम में मंगलवार को संयुक्त प्रवर्तन अभियान चलाकर यात्री बसों एवं अन्य परिवहन वाहनों की गहन जांच की गई। अभियान के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वाली 15 बसों का चालान किया गया, जबकि गंभीर तकनीकी खामियां मिलने पर 3 बसों के फिटनेस प्रमाण-पत्र निरस्त करने की संस्तुति की गई।
सड़क सुरक्षा अभियान के संबंध में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी निखिल शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि अभियान का नेतृत्व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) श्रीमती नेहा झा ने किया। परिवहन विभाग की टीम और यातायात पुलिस ने जनपद के प्रमुख मार्गों तथा संवेदनशील स्थलों पर वाहनों की सघन जांच की।
जांच के दौरान बसों के फिटनेस प्रमाण-पत्र, परमिट, कर अदायगी, चालक लाइसेंस, यात्री सुरक्षा मानकों, आपातकालीन निकास, अग्निशमन यंत्र, स्पीड गवर्नर सहित अन्य आवश्यक दस्तावेजों और सुरक्षा उपकरणों का परीक्षण किया गया। कई वाहनों में नियमों और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पाए जाने पर उनके विरुद्ध चालानी कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान तीन बसों की स्थिति निर्धारित फिटनेस मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई। इनमें गंभीर तकनीकी और सुरक्षा संबंधी कमियां मिलने पर उनके फिटनेस प्रमाण-पत्र निरस्त करने की संस्तुति की गई है। संबंधित मामलों में मोटर वाहन अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।
श्रीमती नेहा झा ने कहा कि सड़क सुरक्षा जनहित से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है और यात्री वाहनों द्वारा सुरक्षा मानकों की अनदेखी किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने वाहन स्वामियों और संचालकों से सभी दस्तावेज अद्यतन रखने तथा वाहनों को निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित करने की अपील की। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिलाधिकारी के निर्देशानुसार ऐसे संयुक्त प्रवर्तन अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।